समता की वैचारिकी के पर्याय हैं आंबेडकर
1 min readदेवरिया। सामाजिक अन्याय के विरुद्ध भारत देश में यदि किसी ने सबसे सफल और सटीक आंदोलन चलाया तो वे बाबा साहब डा भीम राव अम्बेडकर हैं जिन्होंने अपने प्रहार और उपचार से न केवल हजारों वर्ष पुराने जटिल रोग को पकड़ा अपितु उससे एक बहुत बड़े समाज को निरोग बनाने का भी इंतजाम किया,उक्त उद्गार रामपुर कारखाना विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत डुमरी स्थित सपा जन संपर्क कार्यालय पर आयोजित आंबेडकर जयंती कार्यक्रम में व्यक्त करते हुए सपा के पूर्व प्रवक्ता चंद्रभूषण यादव ने कहा कि आंबेडकर नाम विषमता को खत्म कर समता की वैचारिकी का पर्याय है।
यादव ने कहा कि बीसवीं सदी का पूरा काल खंड आंबेडकर साहब के आंदोलनों और उससे प्राप्त परिणामों से भरा पड़ा है। वंचितों के पक्ष में यदि कोई वास्तविक समुद्र मंथन हुआ है और उससे अमृत निकाल इस देश की उपेक्षित जमातों को पिलाने का इंतजाम किसी के नेतृत्व में किया गया है तो वह आंबेडकर साहब हैं जिन्हें जन्म जयंती पर नमन है।
