कुष्ठ रोगियों से भेदभाव न करें, 23 मार्च तक चलेगा खोजी अभियान
1 min readदेवरिया। जनपद में राष्ट्रीय कुष्ठ उन्मूलन कार्यक्रम के तहत 9 मार्च से कुष्ठ रोगी खोजी अभियान चलाया जा रहा है, जो 23 मार्च तक जारी रहेगा। अभियान के तहत स्वास्थ्य विभाग की टीमें घर-घर जाकर संभावित मरीजों की पहचान कर रही हैं।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. अनिल गुप्ता ने बताया कि कुष्ठ रोग छुआ-छूत की बीमारी नहीं है और इसका इलाज संभव है। उन्होंने लोगों से अपील की कि इस बीमारी को छिपाएं नहीं और स्वास्थ्य टीमों को जांच में सहयोग करें। अभियान के दौरान दो वर्ष से अधिक आयु के सभी लोगों की जांच की जा रही है। रोग की पुष्टि होने पर मरीजों का मल्टी ड्रग थेरेपी के माध्यम से निःशुल्क उपचार किया जाएगा।
जिला कुष्ठ रोग परामर्शदाता डॉ. इरशाद आलम ने बताया कि कुष्ठ रोग माइक्रोबैक्टीरियम लैप्री नामक जीवाणु से होता है। यह साथ खाने-पीने या उठने-बैठने से नहीं फैलता। समय पर जांच और इलाज से रोग पूरी तरह ठीक हो सकता है तथा दिव्यांगता से भी बचाव संभव है।
