यूजीसी नियमों के विरोध पर बसपा का हमला
1 min readदेवरिया। बहुजन समाज पार्टी के जिलाध्यक्ष प्रमोद आजाद ने यूजीसी के नए नियमों को लेकर हो रहे विरोध पर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। उन्होंने कहा कि उच्च शिक्षा संस्थानों में जातिवादी भेदभाव के निराकरण के लिए विश्वविद्यालय अनुदान आयोग द्वारा सरकारी व निजी विश्वविद्यालयों में इक्विटी कमेटी गठित करने का निर्णय सराहनीय है।
प्रमोद आजाद ने कहा कि कुछ सामान्य वर्ग की जातिवादी मानसिकता रखने वाले लोग इन प्रावधानों को अपने विरुद्ध भेदभाव बताकर अनावश्यक विरोध कर रहे हैं, जो पूरी तरह अनुचित है। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह नियम किसी वर्ग के खिलाफ नहीं, बल्कि समानता और न्याय की दिशा में उठाया गया कदम है।
हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि यदि नियम लागू करने से पहले सभी पक्षों को विश्वास में लिया जाता तो बेहतर होता और सामाजिक तनाव की स्थिति उत्पन्न नहीं होती। उन्होंने दलित-पिछड़ों से अपील की कि वे स्वार्थी व बिकाऊ नेताओं के भड़काऊ बयानों में न आएं, जो राजनीति चमकाने के लिए समाज को बांटने का काम कर रहे हैं।
